Current Affair Dose - #14 | Current Affair - 03/06/2021 | Daily Current Affairs in Hindi | UPSC | STATE PSC | SSC EXAMS |ALL BANKING EXAMS | ALL OTHER COMPETITIVE EXAMS
1. शिवजीराओ भोंसले सहकारी बैंक का लाइसेंस भारत की केंद्रीय बैंक RBI द्वारा रद्द किया गया
हाल ही में पुणे स्थित शिवाजीराव भोसले सहकारी बैंक (Shivajirao Bhosale Sahakari Bank) का लाइसेंस रद्द किया गया
कारण -
1. इसका कारण 31 मई को इस बैंक का कारोबार समाप्त कारण बैंकिंग
व्यवसाय करना बंद कर दिया गया
2. इस कारण बैंक के पास पर्याप्त पूंजी और कमाई की संभावनाएं कम हो गई है या है ही नहीं हैं
3. जिस कारण यह बैंकिंग अधिनियम 1949 का अनुपालन नहीं करता है
4. RBI ने अपनी जाँच में पाया कि यह अपने वर्तमान जमाकर्ताओं का भुगतान करने भी असमर्थ होगा
5. इस कार्यवाही के शुरू होने के साथ ही जमाकर्ताओं को जमा बीमा और क्रेडिट गारंटी निगम (DICGC) अधिनियम, 1961 के अनुसार बैंक के जमाकर्ताओं को भुगतान तेजी से किया जायेगा
6. 98 प्रतिशत से अधिक जमाकर्ताओं को उनकी जमा राशि की पूरी राशि DICGC से प्राप्त होगी
रिज़र्व बैंक ऑफ़
इंडिया (RBI)
· स्थापना - 1 अप्रैल 1935
· मुख्यालय - मुंबई
· गवर्नर - शक्तिकांत दास
Deposit Insurance and
Credit Guarantee Corporation(DICGC)
निक्षेप बीमा और प्रत्यय गारंटी निगम
· owned subsidiary of Reserve Bank of India
· इसकी स्थापना Deposit Insurance and Credit Guarantee Corporation Act, 1961
· स्थापना - 15 जुलाई 1978
· मुख्यालय - मुंबई
2. प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) का अतिरिक्त
प्रभार CBDT
सदस्य जेबी महापात्र को तीन महीने के लिए दिया गया है
1. हाल ही में CBDT के सदस्य, वित्त मंत्रालय जगन्नाथ विद्याधर महापात्र (Jagannath Bidyadhar Mohapatra) को प्रत्यक्ष कर बोर्ड के अध्यक्ष का अतिरिक्त प्रभार तीन महीने के लिए दिया गया है
2. हाल ही में CBDT के वर्तमान अध्यक्ष प्रमोद चंद्र मोदी (Pramod Chandra Mody) का विस्तारित कार्यकाल 31 मई को समाप्त हो गया
3. जिस वजह से CBDT के ही सदस्य जगन्नाथ विद्याधर महापात्र को प्रत्यक्ष कर बोर्ड के अध्यक्ष का अतिरिक्त प्रभार तीन महीने के लिए दिया गया है
4. केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड रेवेनुए डिपार्टमेंट के अंतर्गत वित्त मंत्रालय का ही एक भाग है
केंद्रीय
प्रत्यक्ष कर बोर्ड
स्थापना - 1924
मुख्यालय - नई दिल्ली
3. हाल ही में CII के अध्यक्ष का
पदभार टाटा स्टील के सीईओ श्री टीवी नरेंद्रन जी ने संभाला है
1. 2021-22 के लिए भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) के अध्यक्ष के रूप में
2. इससे पहले इसके अध्यक्ष कोटक महिंद्रा बैंक लिमिटेड के प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री उदय कोटक जी थे
3. नरेंद्रन जी बहुत पहले से ही CII से जुड़े हुए थे
4. कई वर्षों से CII से जुड़े हुए
5. भारतीय प्रबंधन संस्थान, कलकत्ता के पूर्व छात्र
6. 2016-17 के दौरान CII पूर्वी क्षेत्र के अध्यक्ष थे
7. CII झारखंड के अध्यक्ष
8. नेतृत्व और मानव संसाधन पर उद्योग निकाय की राष्ट्रीय समितियों का नेतृत्व
भारतीय उद्योग
परिसंघ(Confederation of
Indian Industry)
· स्थापना - 1895
· मुख्यालय - नई दिल्ली
4. 2020-21 किआ एनबीए सिक्स्थ मैन अवार्ड (Kia NBA Sixth Man Award) जॉर्डन क्लार्कसन
ने है
1. हाल ही में यूटा जैज के जॉर्डन क्लार्कसन ने 2021 का 2020-21 किआ एनबीए सिक्स्थ मैन ऑफ द ईयर अवार्ड जीता है
2. यह उन्हें आरक्षित भूमिका में उनके योगदान के लिए दिया गया
3. इसके साथ ही क्लार्कसन जैज़ फ्रैंचाइज़ी के इतिहास में पुरस्कार जीतने वाले पहले खिलाड़ी बन गए
4. #हाल ही में मेडलाइफ़ का किया अधिग्रहण फार्मइजी ने किया जिससे वह भारत की सबसे बड़ी ऑनलाइन फ़ार्मेसी बन सके
5. फार्मइजी ने अपने प्रतिद्वंदी मेडलाइफ़ (Medlife) के अधिग्रहण की घोषणा की
6. फार्मइजी का ऐसा करने के पीछे एक कारण अपने आप को भारत की सबसे बड़ी ऑनलाइन फ़ार्मेसी बनाना है
7. यह सौदा फार्मइजी को घरेलू ऑनलाइन फ़ार्मेसी क्षेत्र में सबसे बड़ा खिलाड़ी बनाएगा
फार्माईजी
स्थापना - 2014
मुख्यालय - मुंबई
Founder - Dharmil Sheth, Mikhil Innani, and Dhaval Shah
5. सौर-आधारित विद्युतीकरण कार्यक्रम
1. गोवा राज्य ने अपने ग्रामीण परिवारों के लिए इस कार्यक्रम की शुरुआत की
2. मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत की अध्यक्षता में गोवा सरकार ने राज्य के ग्रामीण परिवारों को बिजली कनेक्टिविटी प्रदान करने के लिए
3. इस योजना का मुख्य उद्देश्य ऐसे क्षेत्रो तक विधुत पहुँचाना है जहां ग्रिड कनेक्टिविटी संभव नहीं है
4. उन घरों में अक्षय ऊर्जा प्रयोग करके उन तक विधुत पहुंचाई जाएगी
5. इसके लिए Goa Energy Development Agency (GEDA) ने कन्वर्जेंस एनर्जी सर्विसेज लिमिटेड (CESL) के साथ एक समझौता किया है
गोवा -
राजधानी - पणजी
मुख्यमंत्री - प्रमोद सावंत
गवर्नर - भगत सिंह कोश्यारी
6. लेफ्टिनेंट जनरल प्रदीप चंद्रन
नायर (Pradeep Chandran
Nair) बने असम राइफल्स
के महानिदेशक
हाल ही में लेफ्टिनेंट जनरल प्रदीप चंद्रन नायर (Pradeep Chandran Nair) ने असम राइफल्स (Assam Rifles) के महानिदेशक का कार्यभार संभाला। वे असम राइफल्स के 21वें महानिदेशक बन गये हैं। वे पहले असम राइफल्स में इंस्पेक्टर जनरल और कंपनी कमांडर के रूप में भी कार्य कर चुके हैं। इसके अलावा वे ब्रिगेड कमांडर भी रहे चुके हैं।
असम राइफल्स (Assam Rifles)
असम राइफल्स भारत का सबसे पुराना अर्द्धसैनिक बल (paramilitary force) है। इसका गठन ब्रिटिश राज में वर्ष 1835 में किया गया था। पहले इसके नाम Cachar Levy हुआ करता था। 1917 में असम राइफल्स नाम रखा। इसका आदर्श वाक्य ‘उत्तर-पूर्व के प्रहरी’ (Sentinels of the North East) है। यह केन्द्रीय गृह मंत्रालय के अधीन कार्य करता है, जबकि इसकी पैरेंट एजेंसी भारतीय सेना है। असम राइफल्स का मुख्यालय शिलोंग में है।
नोट : CISF, CRPF, BSF, ITBP तथा SSB केन्द्रीय गृह मंत्रालय के अधीन आते हैं, इससे पहले इन बलों को अद्धसैनिक बल माना जाता था। परन्तु मार्च 2011 के बाद इन बलों को केन्द्रीय सशस्त्र पुलिस बल के रूप में वर्गीकृत किया गया।
भारत में “अद्धसैनिक बल” को किसी कानून के द्वारा आधिकारिक रूप से परिभाषित नहीं किया गया है। “अद्धसैनिक बल” का उपयोग असम राइफल्स (इसका प्रशासनिक नियंत्रण केन्द्रीय गृह मंत्रालय के अधीन है, जबकि इसका संचालनात्मक नियंत्रण भारतीय थल सेना के पास है) तथा स्पेशल फ्रंटियर फ़ोर्स (SFF) के लिए किया जाता है।
7. जस्टिस अरुण कुमार मिश्रा
बने राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) के अध्यक्ष
जस्टिस (सेवानिवृत्त) अरुण कुमार मिश्रा को राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष के रूप में नियुक्त किया गया है। जस्टिस अरुण कुमार मिश्रा भारत के सर्वोच्च न्यायालय के न्यायधीश रह चुके हैं। इससे पहले वे कलकत्ता उच्च न्यायालय और राजस्थान उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायधीश भी रहे हैं। इसके अलावा उन्होंने मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय में भी न्यायधीश के रूप में कार्य किया है।
जस्टिस अरुण कुमार मिश्रा (Arun Kumar Mishra)
अरुण कुमार मिश्रा का जन्म 3 सितम्बर, 1955 को हुआ था। उनके पिताजी हरगोविंद मिश्रा मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के न्यायधीश थे। अरुण कुमार मिश्रा ने अपने करियर की शुरुआत में ग्वालियर में कार्य किया। 25 अक्टूबर, 1999 में उन्हें मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय में अतिरिक्त न्यायधीश नियुक्त किया गया था। बाद में 24 अक्टूबर, 2001 को उन्हें स्थायी न्यायधीश नियुक्त किया गया। 1 नवम्बर, 2010 को वे राजस्थान उच्च न्यायालय के कार्यकारी मुख्य न्यायधीश बने थे। 14 दिसम्बर, 2012 में उन्हें कलकत्ता उच्च न्यायालय का मुख्य न्यायधीश नियुक्त किया गया था। उसके बाद वे भारत के उच्च न्यायालय के न्यायधीश बने।
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (National Human Rights Commission – NHRC)
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग एक संवैधानिक निकाय है, इसका गठन 12 अक्टूबर, 1993 को किया गया था। यह भारत में लोगों के मानवाधिकारों की रक्षा व संवर्धन के लिए काम करता है। इसका मुख्यालय नई दिल्ली में है। इसका आदर्श वाक्य ‘सर्वे भवन्तु सुखिनः’ है।
8. WHO ने वैश्विक उपयोग के लिए
चीनी वैक्सीन सिनोवैक (Sinovac)
को मंजूरी दी
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने चीन के सिनोवैक बायोटेक लिमिटेड की कोविड -19 वैक्सीन के वैश्विक उपयोग के लिए मंजूरी दे दी है।
मुख्य बिंदु
1. WHO ने 18 साल से ऊपर के लोगों के लिए इसके इस्तेमाल की सिफारिश की थी।
2. इसके लिए दो-खुराक निर्धारित की जाएगी, जिसमें शॉट्स के बीच दो से चार सप्ताह का अंतराल होगा।
3. सिनोफार्म ग्रुप कंपनी ने मई 2021 में आपातकालीन उपयोग के लिए WHO की मंजूरी हासिल की थी।
4. WHO के नेतृत्व में कोवैक्स कार्यक्रम के लिए अतिरिक्त टीकाकरण विकल्प दिए जाएंगे ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि हर देश में टीकों की पहुंच हो।
5. WHO द्वारा आपातकालीन उपयोग के लिए स्वीकृत अन्य टीके फाइजर और बायोएनटेक, जॉनसन एंड जॉनसन, एस्ट्राजेनेका और मॉडर्ना के टीके हैं।
चिंताएं
यह चीनी टीका अलग-अलग डेटा के कारण इसकी प्रभावकारिता के बारे में चिंताओं से जूझ रहा था। चीनी शॉट, जिसे कोरोनावैक (CoronaVac) कहा जाता है, की नैदानिक परीक्षण रिपोर्ट के अनुसार सबसे कम प्रभावकारिता दर है। इसने ब्राजील में रोगसूचक कोविड मामलों को रोकने में 50.7% की प्रभावकारिता दर दिखाई।
कोरोनावैक (CoronaVac)
CoronaVac या Sinovac COVID-19 वैक्सीन एक निष्क्रिय वायरस COVID-19 वैक्सीन है। इसे चीनी कंपनी सिनोवैक बायोटेक (Sinovac Biotech) द्वारा विकसित किया गया था। इस टीके के लिए तीसरे चरण का क्लिनिकल परीक्षण चिली, ब्राजील, इंडोनेशिया, फिलीपींस और तुर्की में किया गया था। इसे फ्रीज करने की जरूरत नहीं है।
10. गुजरात 7 विश्वविद्यालयों को Centre of Excellence का दर्जा देगा
गुजरात सरकार राज्य के सात निजी
विश्वविद्यालयों को Centre of Excellence (CoE) का दर्जा देने के लिए तैयार है।
मुख्य बिंदु
मुख्यमंत्री विजय रूपाणी द्वारा इसके लिए सैद्धांतिक मंजूरी दी गई है। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) उच्च शिक्षा संस्थानों को अकादमिक के साथ-साथ शोध कार्य के विशिष्ट क्षेत्रों में उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए प्रोत्साहित करता है। Centre of Excellence (CoE) राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित रणनीतिक या सुरक्षा से संबंधित महत्व का संस्थान हो सकता है। इंस्टीट्यूशन ऑफ एमिनेंस को CoE टैग भी दिया जा सकता है।
किन विश्वविद्यालयों का चयन किया गया है?
इन सात विश्वविद्यालयों में शामिल हैं- CEPT यूनिवर्सिटी, निरमा यूनिवर्सिटी, पंडित दीनदयाल एनर्जी यूनिवर्सिटी, अहमदाबाद यूनिवर्सिटी, धीरूभाई अंबानी इंस्टिट्यूट ऑफ़ इनफार्मेशन एंड कम्युनिकेशन टेक्नोलॉजी (DAIICT), मारवाड़ी यूनिवर्सिटी और चारोतार यूनिवर्सिटी ऑफ़ साइंस एंड टेक्नोलॉजी।
Centre
of Excellence का महत्व
विश्वविद्यालयों को Centre of Excellence टैग गुणवत्तापूर्ण शिक्षा लाने और उन्हें एक अंतरराष्ट्रीय स्पर्श देने में मदद करेगा। यह टैग अनुसंधान, नवाचार को भी बढ़ावा देगा और स्टार्ट-अप बनाने की संस्कृति स्थापित करेगा।
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (University Grants Commission -UGC)
यह यूजीसी अधिनियम 1956 द्वारा स्थापित एक वैधानिक निकाय है। यह उच्च शिक्षा के मानकों के समन्वय, निर्धारण और रखरखाव के लिए शिक्षा मंत्रालय के तहत काम करता है। यह भारत में विश्वविद्यालयों को मान्यता देता है, और मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालयों और कॉलेजों के लिए धन का वितरण करता है। भोपाल, पुणे, कोलकाता, गुवाहाटी, हैदराबाद और बैंगलोर में छह क्षेत्रीय केंद्रों के साथ इसका मुख्यालय नई दिल्ली में है।
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